मिले न मिले हम


📌 Author: Rekha Gupta 
📍 Location: INDIA
✍️ Writes: Poetry / Stories 
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मिले न मिले हम, ये किस्मत की रीत है,
पर दिल में तेरी याद ही मेरी प्रीत है।
राहें भले दो तरफ़ को मुड़ जाएं कभी,
पर चाहत की डोर आज भी अटूट सी जुड़ी है सभी।

मिले न मिले हम, पर सपना तो तेरा ही है,
हर धड़कन में बस नाम बसेरा भी है।
दूरियाँ चाहे जितनी, एहसास पास रहते हैं,
तेरे होने के निशान हर पल साथ रहते हैं।

मिले न मिले हम, पर उम्मीद जगा रखी है,
हर ख़ामोशी में तेरी आवाज़ सजा रखी है।
मौसम बदल जाएं, पर जज़्बात वही रहेंगे,
हम दोनों के किस्से दिल में यहीं कहेंगे।

मिले न मिले हम, पर कहानी अधूरी नहीं,
ये प्रेम की दुनिया कभी भी तूफ़ानी नहीं।
तू जहाँ भी हो, दुआओं में रहेगा हमेशा,
क्योंकि इश्क़ का सफ़र दूरी में भी तन्हा नहीं।

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